gulzar motivational shayari in hindi | गुलज़ार शायरी हिंदी में, HindiShayariWp

गुलज़ार मोटिवेशन शायरी हिंदी में,  gulzar motivational shayari in hindi, रोमांटिक शायरी लिखने में महारत हासिल की है लेकिन ये कभी कभार मोटिवेशनल शायरी भी लिखते है. गुलज़ार साहब को कौन नहीं जानता. gulzar love shayari, गुलज़ार शायरी हिंदी, छात्रों के लिए मोटिवेशनल शायरी, बेहतरीन शायरी गुलज़ार द्वारा रचित जो आपकी ज़िन्दगी में रंग भर देंगे.

 

gulzar motivational shayari in hindi

 

 

मंजिलें जो पा जाए वह जिंदगी छोटी अच्छी,

भटकते गुजर जाए वह 100 साल किस काम के ,

किस्मत के पीछे पीछे कदम चलते रहे,

दिल में रहने वाले सपने रहे बस नाम के

 

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gulzar quotes on zindagi

 

 

नज़र-नज़र में उतरना कमाल होता है,

नफ़स-नफ़स में बिखरना कमाल होता है,

बुलंदियों पे पहुँचना कोई कमाल नहीं,

बुलंदियों पे ठहरना कमाल होता है

 

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gulzar shayari on yaadein

 

gulzar motivational shayari in hindi

 

उम्र और ज़िन्दगी में बस फर्क इतना,

जो दोस्तों बिन बीती वो उम्र,

और जो दोस्तों संग गुज़री वो ज़िन्दगी

 

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एक सपने के टूटकर चकनाचूर हो जाने के बाद,

दूसरा सपना देखने के हौसले का नाम जिंदगी हैं

 

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gulzar motivation shayari on life in hindi

 

 

शाम से आँख में नमी सी है,

आज फिर आप की कमी सी है.

दफ़्न कर दो हमें के साँस मिले,

नब्ज़ कुछ देर से थमी सी है..

 

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मुख़्तसर सा गुरूर भी ज़रूरी होता है,

जीने के लिए

ज़्यादा झुक के मिले तो,

दुनिया पीठ को पायदान बना लेती है

 

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gulzar motivation shayari sad on life

 

 

कुछ अलग करना हो तो,

भीड़ से हट के चलिए,

भीड़ साहस तो देती हैं,

मगर पहचान छिन लेती हैं

 

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बड़ी कठिन है राहे जिंदगी की,

छाले पड़ गए पैरों में चलते-चलते,

न मंजिल मिली ना कोई आसरा ,

जाने कितना चलना है अभी और जलते जलते

 

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gulzar motivation shayari in hindi on life

 

 

बहुत मुश्किल से करता हूँ,

तेरी यादों का कारोबार,

मुनाफा कम है,

पर गुज़ारा हो ही जाता है..

 

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दोपहरें ऐसी लगती हैं

बिना मोहरों के खाली खाने रखे हैं

न कोई खेलने वाला है बाज़ी

और ना कोई चाल चलता है..

 

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gulzar poetry on life in hindi

 

 

मैं हर रात सारी ख्वाहिशों को खुद से पहले सुला देता,

हूँ मगर रोज़ सुबह ये मुझसे पहले जाग जाती है..

 

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तन्हाई की दीवारों पर,

घुटन का पर्दा झूल रहा हैं,

बेबसी की छत के नीचे,

कोई किसी को भूल रहा हैं

 

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gulzar motivational shayari 2 lines on life

 

 

कोई पूछ रहा है मुझसे अब मेरी ज़िन्दगी की कीमत,

मुझे याद आ रहा है हल्का सा मुस्कुराना तुम्हारा…

 

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गुलज़ार शायरी हिंदी में

 

बदन के दोनों किनारों से जल रहा हु मै,

के छू रहा हु तुझे और पिघल रहा हु मै..

 

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